क्या आप दिल के दौरे के खतरे को कम करना चाहते हैं? ये तीन बदलाव ज़रूरी
आज की भागदौड़ भरी लाइफस्टाइल में दिल की बीमारियाँ तेजी से बढ़ रही हैं। तनाव, खराब खानपान और शारीरिक गतिविधि की कमी के कारण हार्ट अटैक (दिल का दौरा) अब किसी भी उम्र के व्यक्ति को प्रभावित कर सकता है।
लेकिन अच्छी खबर यह है कि हम अपने जीवनशैली में छोटे और आसान बदलाव करके इस जोखिम को काफी हद तक कम कर सकते हैं। मेडिकल न्यूज़ टुडे की एक हालिया रिपोर्ट बताती है कि अगर आप अपने दिल को स्वस्थ रखना चाहते हैं, तो आपको तीन मुख्य बातों पर तुरंत ध्यान देना चाहिए।
दिल को सुरक्षित रखने के लिए तीन ‘ईज़ी’ नियम
एक्सपर्ट्स के अनुसार, दिल के दौरे के खतरे को प्रभावी ढंग से कम करने के लिए आपको नीचे दिए गए तीन प्रमुख जीवनशैली घटकों पर नियंत्रण रखना होगा। ये उपाय न सिर्फ दिल को मजबूत करते हैं, बल्कि समग्र स्वास्थ्य को भी बेहतर बनाते हैं:
- पर्याप्त और अच्छी नींद: अपने सोने के समय और गुणवत्ता में सुधार करना।
- नियमित व्यायाम: अपनी शारीरिक गतिविधि बढ़ाना।
- बैठने का समय कम करना: लंबे समय तक एक ही जगह पर बैठे रहने की आदत को बदलना।
नींद की शक्ति: दिल का सबसे अच्छा दोस्त
हम अक्सर नींद को नज़रअंदाज़ कर देते हैं, जबकि यह दिल के स्वास्थ्य के लिए सबसे ज़रूरी है। पर्याप्त नींद (आमतौर पर 7 से 9 घंटे) शरीर को खुद को ठीक करने का समय देती है।
डॉक्टर बताते हैं कि अच्छी नींद ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखने और तनाव हार्मोन (Stress Hormone) को कम करने में मदद करती है। यदि आप लगातार कम सोते हैं, तो आपका शरीर तनाव में रहता है, जिससे लंबे समय में दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। अपने सोने और उठने का एक निश्चित समय निर्धारित करें और सोने से पहले फोन या स्क्रीन से दूर रहें।
बस हिलते-डुलते रहें: व्यायाम की ज़रूरत
शारीरिक गतिविधि दिल के स्वास्थ्य के लिए एक अचूक दवा है। इसका मतलब यह नहीं है कि आपको घंटों जिम में पसीना बहाना है। नियमित मध्यम स्तर का व्यायाम- जैसे कि तेज चलना, जॉगिंग या साइकिल चलाना- भी बहुत फायदेमंद है।
व्यायाम आपकी धमनियों को लचीला बनाए रखता है, रक्त प्रवाह को सुधारता है और कोलेस्ट्रॉल के स्तर को नियंत्रित करने में मदद करता है। अपने दैनिक रूटीन में कम से कम 30 मिनट की शारीरिक गतिविधि शामिल करें। यदि एक बार में 30 मिनट निकालना मुश्किल है, तो इसे 10-10 मिनट के छोटे हिस्सों में बाँट लें।
बैठने की आदत बदलें: नया खतरा
आज के डिजिटल युग में, लंबे समय तक बैठना (Sedentary Behavior) एक नई स्वास्थ्य समस्या बन गया है। चाहे आप ऑफिस में हों या घर पर टीवी देख रहे हों, लंबे समय तक बैठे रहना दिल के लिए हानिकारक है।
रिसर्च बताती है कि जो लोग दिन का अधिकांश समय बैठकर बिताते हैं, उनमें दिल का दौरा पड़ने का खतरा बढ़ जाता है, भले ही वे थोड़ा बहुत व्यायाम करते हों। इससे बचने का सबसे आसान तरीका है कि हर 30 मिनट में खड़े हो जाएं। पानी पीने के लिए उठें, फोन पर चलते हुए बात करें, या बस कुछ देर टहलें। यह छोटी सी आदत भी आपके दिल पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभाव को काफी कम कर सकती है।
निष्कर्ष
दिल के दौरे से बचने का रास्ता किसी महंगी दवाई से नहीं, बल्कि इन साधारण और टिकाऊ जीवनशैली बदलावों से होकर गुज़रता है। पर्याप्त नींद लें, रोज़ाना कुछ देर एक्टिव रहें और बैठने का समय कम करें। अपने दिल का ध्यान रखना शुरू करें, आज ही!








